Posts

Showing posts from May, 2026

Sri Ramcharit Manas, Lanka Kand 100, अस कहि बहुत भाँति समुझाई। पुनि त्रिजटा निज भ, गोस्वामी तुलसीदास

Image
 

Sri Ramcharit Manas, Lanka Kand 99, तेही निसि सीता पहिं जाई। त्रिजटा कहि सब कथा स, गोस्वामी तुलसीदास

Image
 

Sri Ramcharit Manas, Lanka Kand 98, सिर भुज बाढ़ि देखि रिपु केरी। भालु कपिन्ह रिस, गोस्वामी तुलसीदास

Image
 

Sri Ramcharit Manas, Lanka Kand 97, प्रभु छन महुँ माया सब काटी। जिमि रबि उएँ जाहिं,गोस्वामी तुलसीदास

Image
 

Sri Ramcharit Manas, Lanka Kand 96, अंतरधान भयउ छन एका। पुनि प्रगटे खल रूप अनेका,गोस्वामी तुलसीदास

Image
 

कामायनी, श्रद्धासर्ग 57, देव-असफलताओं का ध्वंस प्रचुर उपकरण जुटाकर, UGC NET Hindi, JayashankarPrasad

Image
 

Sri Ramcharit Manas, Lanka Kand 95, देखा श्रमित बिभीषनु भारी। धायउ हनूमान गिरि धारी,गोस्वामीतुलसीदास

Image